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Motivational

तेरे नाम का भी शोर होगा हिंदी कविता

 रुक न तु , थक न तु  तेरे नाम का भी शोर होगा। तुझ को भी मिलेगी मंजिल , तेरा भी एक दौर होगा।। अपनी हार से स्वयं को यूँ ही न हताश कर , फिर हो जा उठ खड़ा फिर युद्ध का आगाज कर। जीत हार की छोड़  परवाह , स्वयं पर तु विश्वास कर , चीर निराशाओं के घोर अंधेरे , उम्मीदों का भोर होगा। रुक न तु , थक न तु  तेरे नाम का भी शोर होगा। तुझ को भी मिलेगी मंजिल , तेरा भी एक दौर होगा।। युद्ध ही तेरा धर्म है , लड़ना ही तेरा कर्म है इस जीवन युद्ध मे न कभी तेरी हार होगी या सीख होगी या जीत होगी । त्याग अपने डर को तुझे लड़ना होगा , कभी गिरना होगा तो कभी उठना होगा।। चीर निराशाओं के घोर अंधेरे , उम्मीदों का भोर होगा। रुक न तु , थक न तु  तेरे नाम का भी शोर होगा। तुझ को भी मिलेगी मंजिल , तेरा भी एक दौर होगा।।

आत्मविश्वाश......a very motivational story

आत्मविश्वाश......a very motivational story



Motivational kahani कहानी के अंतर्गत बहुत ही मोटिवेशनल स्टोरी share कर रहा हूँ यह मोटिवेशनल कहानी  आपकी जिंदगी परिवर्तित कर सकती है
Inhindistory

              एक  बिजनिस मेन राम को अपने बिजनैस मे बहुत घाटा लग जाता है जिससे वह कर्ज मे बुरी तरह फंस जाता है उसके दोस्त famely सब उसका साथ छोड़ देते हैं ऐसी हालत मे जनरली लोग क्या सोचते है सोसाइड करने की वह भी यही सोचने लगता है कि उसकी जिंदगी बर्बाद हो गई अब उसके जीवन मे कुछ अच्छा नही हो सकता इतना सारा कर्ज वह कभी भी नही चूका सकता ऐसे ही बैठा पार्क मे यह सब सोचता है तभी सामने से एक व्यक्ति आता दिखाई देता है उस व्यक्ति के पहनावे से साफ लगता है कि वह कोई बहुत अमीर  आदमी है वह सीधा राम  के पास जाता है और उसकी उदासी का कारण पूछता है राम अपनी पूरी story उसे बताता है वह व्यक्ति थोड़ा गंभीर हो कर कुछ सोचता fir बोलता है कि वह इस शहर का सबसे अमीर आदमी है और अपनी जेब से एक blank check देता है और बोलता है कि तुमको जीतने भी रुपए की जरुरत हो भर लेना । एक साल बाद हम ऐसी पार्क मे मिलेंगे जब मेरे रुपए बापस कर देना इतना कहकर वह व्यक्ति चला जाता है।

                   राम को भरोसा ही नही होता कि उसकी इतनी बड़ी प्रॉब्लम इतनी आसानी से सुलझ गई  अब वह decide करता है कि पहले वो अपने business को अपने बल पर फिर से शुरू करेगा और कोई दिक्कत आएगी तब उस check का  उपयोग करेगा फिर क्या था राम ने एक नई शुरुआत की और अपनी मेहनत के बल पर अपना पूरा कर्ज चूका दिया और अपने business को भी बहुत बड़ा कर लिया एक साल बाद राम ने वह blank चेक अपनी जेब मे डाला और उस पार्क की और चल दिया जहाँ उस व्यक्ति ने राम को blank चेक दिया था।राम पार्क पहुँचकर उस व्यक्ति का इंतजार करने लगा तभी देखता है सामने से वही व्यक्ति आ रहा है पर जैसे ही राम उस व्यक्ति की तरफ बड़ा इतने मे कुछ लीगो ने आकर उस व्यक्ति को पकड़ लिया और ले जाने लगे तभी रामने चिल्लाकर कहा कि तुम लोग क्या कर रहे हो यइ शहर के सबसे अमीर आदमी हैं  तब उन लोगों ने हँसकर जबाब दिया की साहब ये कोई आमिर आदमी नही है पागल है जो लोगो को blank चेक देता है और अपने आप को आमिर आदमी बताता है।राम ने सर पकड़ लिया जिसके बल पर उसने पूरा business फिर से शुरू किया वह चेक बस एक कागज का टुकड़ा मात्र था ।

              तो दोस्तों देखा कि कैसे हम बिपरीत परिस्थितियों में टूट जाते हैं उम्मीद खो देते हैं जबकि हमारे अंदर इतनी क्षमता होती है कि उस परिस्थिति से आसानी से निकल सकते हैं कैसें राम पहले सोचता था कि वह कर्ज नही चूका सकेगा पर जैसे ही चेक उसके पास आया उसके बाद बिना उसे उपयोग किये अपना पूरा बिज़नस फिर से शुरू कर लेता है जबकि  वह check only कागज का टुकड़ा था। यदि दोनों परिस्थितियों की तुलना करें तो वो same है पर राम का attitude और सोचने मे डिफरेंस है। पहली वाली condition मे वह नेगेटिव attitude रखता है तो उसे सब नेगेटिव ही दिखता है जिससे वह बहुत उदास हो जाता है और बहुत ज्यादा upset हो जाता है पर दूसरी कंडीशन same है पर इस बार उसका attidude possitive है जिससे सब पोसिटिव होता है और वह अपना बिज़नस फिर से शुरू कर पाता है तो दोस्तों हमारे अन्दर असीमित क्षमता होती है  बस हमें खुद पर विश्वाश होना चाहिए हम खुद पर कितना विश्वाश है यही point हमें दूसरों से अलग बनाता है जिंदिगी मे परेशानियां आती रहती है पर जिंदगी मे सफल व्यक्ति वही होता है जो मुश्किलों मे बिखरता नही निखर जाता है
                   दोस्तों यदि आप को कहानी पसन्द आयी हो तो शेयर करें कोई सुझाव हो तो कमेंट के माध्यम से हहमें जरूर बताएं ।

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